उत्तर प्रदेशकानपुरबड़ी खबर

कानपुर में बेटे ने पिता की हत्या की, शव 75 किमी. दूर ले जाकर जलाया

  • दृश्यम और क्राइम पेट्रोल देखकर बनाई थी प्लानिंग

कानपुर। कल्याणपुर थाना क्षेत्र में बेटे ने प्रॉपर्टी के लिए पिता की हत्या कर दी. दोस्त के साथ शव को कार से 75 किमी. दूर ले गया और पेट्रोल डालकर आग लगा दी. घटना के करीब तीन माह बाद मृतक की पत्नी वृंदावन से घर लौटीं. पति के बारे में पूछताछ की लेकिन कुछ पता नहीं चला. इसके बाद उन्होंने कल्याणपुर थाने में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई.

पुलिस ने जांच पड़ताल कर करीब तीन माह बाद आरोपी बेटे को गिरफ्तार किया है. पूछताछ में आरोपी ने बताया, हत्या की पूरी प्लानिंग फिल्म दृश्यम और क्राइम पेट्रोल देखकर बनाई थी. रेलवे में गार्ड पद से रिटायर होने के बाद पिता ने एक भी रुपये नहीं दिया. जबकि 8 दुकानों का पैसा भी वह खुद रखते थे. उनका परिवार में किसी से नहीं बनता था. मां भी वृंदावन में रहती है. वह शराब भी काफी पीते थे.

डीसीपी वेस्ट दिनेश त्रिपाठी ने बताया, कल्याणपुर थाना क्षेत्र के चंदेल नगर वार्ड 35 पुराना शिवली रोड पर रहने वाले कमलापति (62) रेलवे विभाग में गार्ड के पद से जयनगर बिहार से सेवानिवृत हुए थे. कमलापति की पत्नी मधु तिवारी वृंदावन में रहती हैं. 12 जून 2025 को कल्याणपुर थाने में पति की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई. तहरीर में बताया, पति कमलापति 15 मार्च 2025 को घर से किसी काम के लिए निकले थे, लेकिन वह वापस नहीं लौटे

18 मार्च को औरैया में मिला था शव
मधु तिवारी ने बताया, पति के फोन नंबर पर भी कई बार कॉल किया, लेकिन संपर्क नहीं हुआ. रिश्तेदारों व अन्य परिवार के लोगों से भी संपर्क कर पति के बारे में जानकारी करने की कोशिश की, पर कुछ पता नहीं चला. शिकायत पर पुलिस ने केस दर्ज कर गहनता से जांच पड़ताल शुरू की. इसी दौरान औरैया जिले की थाना बेला पुलिस ने कल्याणपुर थाने को सूचना दी की एक बुजुर्ग का शव 18 मार्च को मिला था. शव की शिनाख्त नहीं हो पाई है.

इसके बाद कल्याणपुर थाना पुलिस मधु तिवारी को लेकर औरैया पहुंची. मधु तिवारी ने शव की शिनाख्त पति कमलापति के रूप में की. जांच पड़ताल में कमलापति की आखिरी लोकेशन जयनगर बिहार में मिली. मधु तिवारी ने पुलिस को बताया था कि पति कमलापति का बेटों से नहीं बनता था. सभी अलग-अलग रहते हैं. शक पर पुलिस ने इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस, ह्यूमन इंटेलिजेंस वह अन्य तमाम साक्ष को जुटाया. गोपनीय सूचना के आधार पर कमलापति के बड़े बेटे आरोपी रामजी तिवारी को पूछताछ के लिए बुलाया.

बेटा बार-बार बदल रहा था बयान
डीसीपी वेस्ट दिनेश त्रिपाठी ने बताया, रामजी तिवारी से पूछताछ की गई तो वह बार-बार बयान बदल रहा था. सख्ती की गई तो उसने अपना गुनाह कबूल कर लिया. उसने बताया कि हत्या में उनका दोस्त ऋषभ शुक्ला भी शामिल था. शुक्रवार (19 सितंबर) को दोनों को गिरफ्तार कर लिया गया. आरोपी रामजी तिवारी ने बताया, पिता कमलापति तिवारी रेलवे में गार्ड के पद से जयनगर बिहार से रिटायर हुए थे. परिवार में हम दो भाई और एक बहन है. तीनों भाई बहनों की शादी हो चुकी है. बहन अपने पति के साथ उड़ीसा में रहती है. छोटा भाई शिक्षक है. वह अपने परिवार के साथ चकेरी थाना क्षेत्र के शनिगमा में रहता है.

आरोपी रामजी तिवारी ने पुलिस को बताया, मैं बेरोजगार हूं, पिता शराब पीने के आदि थे. जिस वजह से वह परिवार के किसी भी सदस्य को घर पर नहीं रखते थे. मां भी इसी वजह से वृंदावन में दूसरे घर पर रहती हैं. पिता के तिरस्कार के कारण मैं अपने ससुराल नारामऊ में रहने लगा. एक मार्केट में आठ दुकानें हैं. इसका किराया भी वह खुद ही रखते थे. पेंशन भी अपने ही पास रखते थे. मुझे घर पर नहीं रहने देते थे. मैंने उन्हें कई बार समझाया, लेकिन वह नहीं मानें. इसलिए मैंने अपने दोस्त के साथ मिलकर हत्या की योजना बनाई.

गला दबाकर की थी हत्या
आरोपी रामजी तिवारी ने बताया, 17 मार्च की शाम दोस्त ऋषभ शुक्ला के साथ अपने कल्याणपुर स्थित घर पहुंचा. पिता नशे की हालत में थे. हम दोनों ने उनका गला दबाया जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई. शव को ठिकाने लगाने के लिए दोस्त ऋषभ शुक्ला से एक कार मंगाई. शव की शिनाख्त नहीं हो सके, इसलिए शहर से करीब 75 किलोमीटर दूर थाना क्षेत्र बेला जनपद औरैया के पटना नहर के किनारे शव को फेंक दिया और पेट्रोल डालकर आग लगा दी. इसके बाद हम दोनों वापस कानपुर आ गए.

रामजी तिवारी ने बताया, पुलिस को गुमराह करने के लिए मैंने अपने दोस्त ऋषभ को पिता का मोबाइल फोन लेकर जयनगर बिहार भेज दिया. वहीं पर फोन ऑन-ऑफ करने के लिए कहा. जिससे कि उनकी आखिरी लोकेशन जयनगर की दिखाई दे और पुलिस को उन पर शक ना हो. आरोपी ऋषभ ने बताया कि उसने अपने दोस्त रामजी के कहने पर ही इस घटना को अंजाम दिया

संबंधित समाचार

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button